Joe Root ने रचा इतिहास: भारत के खिलाफ 99* रन की शानदार पारी, विराट कोहली का ODI रिकॉर्ड तोड़ा, इंग्लैंड ने सीरीज में की वापसी
** इंग्लैंड के अनुभवी बल्लेबाज **जो रूट ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बड़े मुकाबलों में अनुभव और धैर्य कितना मायने रखता है। भारत के खिलाफ खेले गए दूसरे वनडे मुकाबले में रूट ने दबाव भरी स्थिति में शानदार बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 99 रन बनाए और इंग्लैंड को यादगार जीत दिलाई। उनकी इस पारी के दम पर इंग्लैंड ने भारत को 4 विकेट से हराकर तीन मैचों की वनडे सीरीज 1-1 से बराबर कर दी।
रूट भले ही अपने शतक से सिर्फ एक रन दूर रह गए, लेकिन उनकी यह पारी किसी सेंचुरी से कम नहीं रही। उन्होंने मुश्किल समय में एक छोर संभाले रखा और इंग्लैंड को जीत की मंजिल तक पहुंचाया। इस शानदार पारी के साथ उन्होंने वनडे क्रिकेट में रन चेज के दौरान बल्लेबाजी औसत के मामले में विराट कोहली के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया।
India vs England 2nd ODI: भारत की अच्छी शुरुआत, फिर बिखरी बल्लेबाजी
दूसरे वनडे मुकाबले में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए शुरुआत में मजबूत पकड़ बनाई थी। भारतीय बल्लेबाजों ने शुरुआती ओवरों में संभलकर खेलते हुए इंग्लैंड के गेंदबाजों पर दबाव बनाया।
विराट कोहली और श्रेयस अय्यर ने शानदार अर्धशतकीय पारियां खेलकर भारतीय पारी को मजबूती दी। विराट कोहली ने 65 रन बनाए, जबकि श्रेयस अय्यर ने 66 रनों की महत्वपूर्ण पारी खेली।
एक समय ऐसा लग रहा था कि भारत आसानी से 270 से ज्यादा रन बना सकता है, लेकिन इंग्लैंड के गेंदबाजों ने शानदार वापसी करते हुए भारतीय बल्लेबाजी क्रम को रोक दिया। भारतीय टीम अंत में 233 रन पर ऑलआउट हो गई।
इंग्लैंड के गेंदबाजों ने बदला मैच का रुख
भारत की मजबूत शुरुआत के बाद इंग्लैंड के गेंदबाजों ने शानदार वापसी की। तेज गेंदबाजों ने लगातार विकेट लेकर भारतीय बल्लेबाजों को बड़े स्कोर तक पहुंचने से रोक दिया।
जोफ्रा आर्चर और गस एटकिंसन ने बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए तीन-तीन विकेट हासिल किए। इंग्लैंड की गेंदबाजी में अनुशासन और सही लाइन-लेंथ देखने को मिली, जिसके कारण भारतीय मध्यक्रम ज्यादा देर टिक नहीं पाया।
भारत ने आखिरी सात विकेट केवल 55 रन के अंदर गंवा दिए, जो टीम की हार का बड़ा कारण बना।
इंग्लैंड की शुरुआत खराब, लेकिन रूट ने संभाली पारी
234 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड टीम की शुरुआत भी आसान नहीं रही। भारतीय गेंदबाजों ने शुरुआती झटके देकर मेजबान टीम पर दबाव बना दिया था।
एक समय इंग्लैंड की टीम मुश्किल स्थिति में नजर आ रही थी, लेकिन जो रूट ने अपनी क्लास दिखाई। उन्होंने जल्दबाजी नहीं की और परिस्थिति के अनुसार बल्लेबाजी करते हुए रन बनाते रहे।
रूट ने खराब गेंदों को सीमा रेखा के बाहर भेजा और अच्छी गेंदों का सम्मान किया। उनकी बल्लेबाजी में अनुभव साफ दिखाई दिया। उन्होंने साझेदारियां बनाईं और धीरे-धीरे मैच को भारत की पकड़ से दूर कर दिया।
जो रूट की मास्टरक्लास पारी
जो रूट ने इस मुकाबले में 133 गेंदों पर नाबाद 99 रन बनाए। उनकी पारी में संयम, तकनीक और मैच की स्थिति को समझने की क्षमता दिखाई दी।
जब इंग्लैंड के विकेट लगातार गिर रहे थे, तब रूट ने जिम्मेदारी अपने कंधों पर ली। उन्होंने स्ट्राइक रोटेट की और युवा बल्लेबाजों के साथ मिलकर लक्ष्य को आसान बना दिया।
रूट का सबसे बड़ा योगदान यह रहा कि उन्होंने दबाव की स्थिति में अपना स्वाभाविक खेल नहीं छोड़ा। उन्होंने जोखिम कम लिया और टीम को जीत तक पहुंचाया।
विराट कोहली और जो रूट: आधुनिक क्रिकेट के दो बड़े सितारे
विराट कोहली और जो रूट को पिछले एक दशक के सबसे बेहतरीन बल्लेबाजों में गिना जाता है। दोनों खिलाड़ियों ने अपनी-अपनी टीमों के लिए कई यादगार पारियां खेली हैं।
जहां विराट कोहली को खासतौर पर रन चेज के दौरान उनकी आक्रामक बल्लेबाजी और दबाव संभालने की क्षमता के लिए जाना जाता है, वहीं जो रूट अपनी तकनीक, धैर्य और परिस्थितियों के अनुसार बल्लेबाजी करने के लिए प्रसिद्ध हैं।
दूसरे वनडे में रूट की पारी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बड़े लक्ष्य का पीछा करते समय अनुभव कितना महत्वपूर्ण होता है।
रूट ने बनाया खास रिकॉर्ड
भारत के खिलाफ इस मुकाबले में नाबाद 99 रन बनाने के बाद जो रूट ने वनडे क्रिकेट में लक्ष्य का पीछा करते हुए अपनी शानदार निरंतरता जारी रखी।
रूट का यह प्रदर्शन उन्हें वनडे क्रिकेट के सबसे सफल चेज मास्टर्स में शामिल करता है। उन्होंने विराट कोहली के लंबे समय से चले आ रहे रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए अपनी बल्लेबाजी क्षमता का नया उदाहरण पेश किया।
इंग्लैंड के लिए बड़ी राहत
पहला मुकाबला गंवाने के बाद इंग्लैंड के लिए यह जीत बेहद जरूरी थी। दूसरे वनडे में जीत हासिल कर टीम ने सीरीज में शानदार वापसी की है।
इंग्लैंड के बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों ने इस मुकाबले में बेहतर प्रदर्शन किया। खासतौर पर जो रूट और गस एटकिंसन की भूमिका टीम की जीत में बेहद महत्वपूर्ण रही।
भारत की हार के बड़े कारण
भारत की हार के पीछे कई कारण रहे—
1. मध्यक्रम का खराब प्रदर्शन
विराट कोहली और श्रेयस अय्यर के अलावा अन्य बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल सके।
2. बड़ा स्कोर बनाने का मौका गंवाना
शुरुआत अच्छी मिलने के बावजूद भारत 250 से ऊपर नहीं जा पाया।
3. इंग्लैंड की शानदार गेंदबाजी
इंग्लैंड के तेज गेंदबाजों ने सही समय पर विकेट लेकर मैच पलट दिया।
4. रूट का अनुभव
भारत के गेंदबाजों के सामने जो रूट ने शानदार धैर्य दिखाया और मैच छीन लिया।
सीरीज अब रोमांचक मोड़ पर
दूसरे वनडे में जीत के बाद इंग्लैंड ने सीरीज को बराबरी पर ला दिया है। अब तीन मैचों की सीरीज का फैसला अंतिम मुकाबले से होगा। निर्णायक मुकाबले में दोनों टीमें पूरी ताकत के साथ मैदान में उतरेंगी।
भारत जहां वापसी कर सीरीज जीतना चाहेगा, वहीं इंग्लैंड अपनी लय बरकरार रखते हुए ट्रॉफी अपने नाम करना चाहेगा।
मैच का संक्षिप्त स्कोर
भारत: 233 ऑल आउट
विराट कोहली – 65 रन
श्रेयस अय्यर – 66 रन
इंग्लैंड: लक्ष्य हासिल किया
जो रूट – 99* रन
गस एटकिंसन – महत्वपूर्ण योगदान
नतीजा: इंग्लैंड ने भारत को 4 विकेट से हराया।
सीरीज: 1-1 से बराबर।
जो रूट की नाबाद 99 रन की पारी भारत के खिलाफ सिर्फ एक मैच जिताने वाली पारी नहीं थी, बल्कि यह उनके अनुभव और क्लास का शानदार उदाहरण भी थी। उन्होंने दबाव में जिस तरह बल्लेबाजी की, उसने एक बार फिर साबित कर दिया कि क्यों उन्हें दुनिया के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में गिना जाता है।
दूसरी ओर भारत को अपनी बल्लेबाजी में सुधार करने की जरूरत होगी। अब सीरीज का निर्णायक मुकाबला दोनों टीमों के लिए बेहद अहम होगा, जहां एक छोटी सी गलती भी पूरे परिणाम को बदल सकती है।

